लखनऊ में भीषण अग्निकांड: कोचिंग सेंटर में आग लगने से 15 बच्चों की मौत, खिड़कियों से बचाने की लगाते रहे गुहार

0
images (4)

CENTRAL NEWS DESK: राजधानी लखनऊ के अलीगंज इलाके में सोमवार को हुए भीषण अग्निकांड ने पूरे प्रदेश को झकझोर कर रख दिया। एक बहुमंजिला इमारत में लगी आग ने देखते ही देखते विकराल रूप ले लिया, जिसके चलते वहां मौजूद कई बच्चे अंदर फंस गए। हादसे में 15 बच्चों की मौत हो गई, जबकि 5 अन्य घायल बताए जा रहे हैं। प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार आग लगने के बाद इमारत में अफरा-तफरी मच गई। अंदर फंसे बच्चे खिड़कियों से बाहर झांककर मदद की गुहार लगाते रहे। कई बच्चों ने जान बचाने के लिए ऊंचाई से छलांग भी लगाई, जिससे उन्हें गंभीर चोटें आईं।


ग्राउंड फ्लोर पर पेट शॉप, ऊपर चल रहा था कोचिंग सेंटर

अधिकारियों के मुताबिक जिस इमारत में आग लगी, उसके भूतल पर पेट शॉप संचालित थी, जबकि ऊपरी मंजिलों पर कोचिंग सेंटर और गेमिंग जोन मौजूद था। आग लगने के कारणों की जांच की जा रही है, हालांकि शुरुआती स्तर पर शॉर्ट सर्किट समेत अन्य संभावनाओं पर भी विचार किया जा रहा है। आग लगते ही धुआं तेजी से पूरे भवन में फैल गया, जिससे बच्चों को बाहर निकलने का मौका नहीं मिल सका। कई बच्चे धुएं और आग की चपेट में आ गए।


15 बच्चों की मौत की पुष्टि

केजीएमयू ट्रॉमा सेंटर के मेडिकल सुपरिंटेंडेंट डॉ. अमिय अग्रवाल ने बताया कि बड़ी संख्या में बच्चों को अस्पताल लाया गया था। इनमें 15 बच्चों को मृत अवस्था में लाया गया, जबकि पांच बच्चों का इलाज जारी है। डॉक्टरों के अनुसार कुछ बच्चों को इमारत से कूदने के कारण गंभीर चोटें आई हैं। घायलों की हालत पर लगातार नजर रखी जा रही है।


घटनास्थल पर चला राहत और बचाव अभियान

हादसे की सूचना मिलते ही फायर ब्रिगेड की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं। दमकल कर्मियों ने घंटों मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया। पुलिस, प्रशासन और राहत दलों ने इमारत में फंसे लोगों को बाहर निकालने के लिए संयुक्त अभियान चलाया। मौके पर बड़ी संख्या में स्थानीय लोग भी जुट गए थे। परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल था और पूरे इलाके में मातम का माहौल दिखाई दिया।


सरकार ने की मुआवजे की घोषणा

मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने हादसे पर गहरा दुख व्यक्त करते हुए मृत बच्चों के परिजनों को 5-5 लाख रुपये और गंभीर रूप से घायलों को 50-50 हजार रुपये की आर्थिक सहायता देने की घोषणा की है। वहीं प्रधानमंत्री कार्यालय की ओर से भी मृतकों के परिजनों को 2 लाख रुपये और घायलों को 50 हजार रुपये की सहायता राशि देने का ऐलान किया गया है।


उच्च स्तरीय जांच के आदेश

उत्तर प्रदेश के उपमुख्यमंत्री ब्रजेश पाठक ने घटना को बेहद दुखद बताते हुए उच्च स्तरीय जांच के आदेश दिए हैं। उन्होंने कहा कि हादसे के लिए जिम्मेदार लोगों की पहचान कर उनके खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी। प्रशासन अब यह जांच करेगा कि इमारत में अग्नि सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम थे या नहीं और क्या भवन संचालन में सुरक्षा मानकों का पालन किया जा रहा था।


एक हादसा, कई सवाल

इस दर्दनाक घटना ने शैक्षणिक संस्थानों और व्यावसायिक इमारतों में अग्नि सुरक्षा व्यवस्था को लेकर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। बच्चों की मौत ने एक बार फिर यह सोचने पर मजबूर कर दिया है कि क्या भीड़भाड़ वाले संस्थानों में सुरक्षा मानकों का पालन पर्याप्त रूप से हो रहा है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *