JPSC एग्जाम में गड़बड़ी पर स्टूडेंट्स का प्रदर्शन तेज, CBI जांच की मांग, हेमंत सोरेन सरकार पर निशाना

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CENTRAL NEWS DESK: झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) और झारखंड कर्मचारी चयन आयोग (जेएसएससी) की भर्ती परीक्षाओं में कथित अनियमितताओं को लेकर छात्रों का विरोध प्रदर्शन लगातार तेज होता जा रहा है। रविवार को आंदोलन पांचवें दिन भी जारी रहा। प्रदर्शनकारी छात्रों ने 14वीं जेपीएससी संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा रद्द करने, मामले की सीबीआई और प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) से जांच कराने तथा भर्ती प्रक्रिया में सुधार की मांग की।

छात्र 29 जुलाई से रांची के एक स्टेडियम में अनिश्चितकालीन धरने पर बैठे हैं। उनका आरोप है कि जेपीएससी और जेएसएससी की भर्ती परीक्षाओं में लगातार गड़बड़ियां हो रही हैं, जिससे हजारों युवाओं का भविष्य प्रभावित हो रहा है। प्रदर्शन के दौरान छात्रों ने ‘जेपीएससी की सीबीआई जांच कराओ’, ‘छात्र एकता जिंदाबाद’ और ‘हेमंत सोरेन शर्म करो’ जैसे नारे लगाए।

‘सीआईडी जांच पर भरोसा नहीं’

जेपीएससी अभ्यर्थी राहुल कुमार क्रांति ने आरोप लगाया कि पहले भी जेपीएससी परीक्षाओं में प्रश्नपत्र लीक जैसी घटनाएं हो चुकी हैं और इस बार अभ्यर्थियों की ओएमआर शीट लीक होने का मामला सामने आया है। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने सीआईडी जांच के आदेश दिए हैं, लेकिन छात्रों को इस जांच पर भरोसा नहीं है। उन्होंने मांग की कि पिछले सात वर्षों में जेपीएससी और जेएसएससी द्वारा आयोजित सभी भर्ती परीक्षाओं की सीबीआई से जांच कराई जाए। साथ ही नैतिक आधार पर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन के इस्तीफे की भी मांग की।

‘हजारों युवाओं का भविष्य दांव पर’

गिरिडीह के छात्र अंकित कुमार ने कहा कि दोनों भर्ती एजेंसियों में कथित भ्रष्टाचार के कारण हजारों युवाओं का भविष्य दांव पर लगा है। उन्होंने कहा कि अधिकांश अभ्यर्थी किसान परिवारों से आते हैं और वे केवल योग्यता के आधार पर निष्पक्ष अवसर चाहते हैं। रांची की आदिवासी छात्रा स्नेहा ने कहा कि 2023 से प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रही हैं, लेकिन यदि निष्पक्ष अवसर नहीं मिलेगा तो नौकरी कैसे मिलेगी। उन्होंने सरकार से दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और 14वीं जेपीएससी परीक्षा रद्द करने की मांग की।

मांगें पूरी होने तक जारी रहेगा आंदोलन

पलामू की अर्चना कुमारी ने कहा कि जब तक सरकार उनकी मांगों पर फैसला नहीं लेती और कथित अनियमितताओं के लिए जिम्मेदार लोगों पर कार्रवाई नहीं होती, तब तक आंदोलन जारी रहेगा। लातेहार के छात्र श्याम बिहारी गुप्ता ने दावा किया कि आंदोलन को देशभर से समर्थन मिल रहा है और विभिन्न शहरों से लोग धरना स्थल पर भोजन व अन्य आवश्यक सामग्री भेज रहे हैं।

फिलहाल छात्रों की प्रमुख मांगों में 19 अप्रैल को आयोजित 14वीं जेपीएससी संयुक्त प्रारंभिक परीक्षा रद्द करना, सीबीआई से स्वतंत्र जांच कराना और भर्ती प्रक्रिया में पारदर्शिता सुनिश्चित करने के लिए सुधार लागू करना शामिल है।

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