कानपुर में अधिवक्ताओं का अनोखा विरोध, शताब्दी गेट से लॉयर्स गेट तक मानव श्रृंखला बनाकर जताई एकजुटता

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CENTRAL NEWS DESK: प्रांतीय अधिवक्ता सम्मेलन 2026 में लिए गए निर्णय के तहत बुधवार को कानपुर के वकीलों ने सामूहिक अवकाश रखते हुए विरोध प्रदर्शन किया। कानपुर बार एसोसिएशन और लॉयर्स एसोसिएशन से जुड़े अधिवक्ताओं ने बड़ी संख्या में एकजुट होकर शताब्दी गेट नंबर-3 से लॉयर्स एसोसिएशन के मुख्य द्वार तक मानव श्रृंखला बनाई। इस दौरान अधिवक्ताओं ने सम्मेलन के निर्णय के समर्थन में अपनी एकजुटता दिखाई।

सामूहिक अवकाश के साथ सड़कों पर उतरे अधिवक्ता

कानपुर बार एसोसिएशन की ओर से जारी पत्र के अनुसार, 30 सितंबर 2026 को प्रांतीय अधिवक्ता सम्मेलन 2026 में लिए गए निर्णय के क्रम में कानपुर के सभी अधिवक्ता सामूहिक अवकाश पर रहे। इसी के तहत अधिवक्ताओं ने शताब्दी गेट नंबर-3 से लॉयर्स एसोसिएशन के मुख्य द्वार तक मानव श्रृंखला बनाकर अपना विरोध दर्ज कराया।

मानव श्रृंखला के दौरान बड़ी संख्या में वरिष्ठ और कनिष्ठ अधिवक्ता मौजूद रहे। कार्यक्रम के माध्यम से अधिवक्ताओं ने एकजुटता और संगठनात्मक शक्ति का प्रदर्शन किया।

शताब्दी गेट से लॉयर्स एसोसिएशन तक दिखी एकजुटता

अधिवक्ताओं की मानव श्रृंखला शताब्दी गेट नंबर-3 से शुरू होकर लॉयर्स एसोसिएशन के मुख्य द्वार तक बनाई गई। इस दौरान अधिवक्ता निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार एक साथ मौजूद रहे।

कानपुर बार एसोसिएशन और लॉयर्स एसोसिएशन की ओर से आयोजित इस कार्यक्रम में अधिवक्ताओं की बड़ी भागीदारी देखने को मिली। सामूहिक अवकाश के साथ आयोजित इस कार्यक्रम को लेकर अधिवक्ताओं में संगठनात्मक एकजुटता नजर आई।

हिंदी विधि प्रतिष्ठान का हिंदी पखवाड़ा समापन समारोह भी हुआ

विरोध कार्यक्रम के साथ ही हिंदी विधि प्रतिष्ठान, कानपुर बार एसोसिएशन और लॉयर्स एसोसिएशन के संयुक्त तत्वावधान में हिंदी पखवाड़ा समापन समारोह का आयोजन भी किया गया। यह समारोह कानपुर बार एसोसिएशन के श्री राम अवतार महाना हॉल में आयोजित हुआ। कार्यक्रम की अध्यक्षता हिंदी विधि प्रतिष्ठान के अध्यक्ष अनमोल पाल ने की।

समारोह में हिंदी के विधिक क्षेत्र में इस्तेमाल और महत्व को लेकर कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस दौरान अधिवक्ताओं और अतिथियों ने हिंदी भाषा के प्रति अपने विचार भी रखे।

पूर्व न्यायाधीश सुरेश चंद्र सविता रहे मुख्य वक्ता

कार्यक्रम में पूर्व न्यायाधीश सुरेश चंद्र सविता को कानपुर बार एसोसिएशन और द लॉयर्स एसोसिएशन की ओर से सम्मानित किया गया। उन्हें कार्यक्रम में मुख्य वक्ता के रूप में आमंत्रित किया गया था। समारोह के दौरान विधिक कार्यों में हिंदी के प्रयोग और हिंदी भाषा के महत्व को लेकर चर्चा की गई।

निबंध प्रतियोगिता के विजेताओं को मिला पुरस्कार

हिंदी पखवाड़ा के तहत आयोजित निबंध प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान प्राप्त करने वाले प्रतिभागियों को भी सम्मानित किया गया। पत्र के अनुसार प्रतियोगिता में स्थान प्राप्त करने वालों को माननीय जिला जज की ओर से नकद पुरस्कार प्रदान किए गए। पुरस्कार वितरण के दौरान कार्यक्रम में मौजूद अधिवक्ताओं ने विजेताओं का उत्साह बढ़ाया।

बार और लॉयर्स एसोसिएशन के पदाधिकारी रहे मौजूद

कार्यक्रम में कानपुर बार एसोसिएशन और लॉयर्स एसोसिएशन के कई पदाधिकारी और अधिवक्ता मौजूद रहे। इनमें लॉयर्स एसोसिएशन अध्यक्ष दिनेश चंद्र वर्मा, बार महामंत्री विनय कुमार मिश्रा, लॉयर्स महामंत्री राजीव यादव, बार वरिष्ठ उपाध्यक्ष सोनल पाठक, उपाध्यक्ष मो. तोहीद और मंत्री कृष्ण कुमार तिवारी शामिल रहे।

इसके अलावा कोषाध्यक्ष भगवत दास, संयुक्त मंत्री प्रशासन विवेक सिंह, संयुक्त मंत्री पुस्तकालय अनिल बाबू चौधरी, संयुक्त मंत्री प्रकाश अभय त्रिपाठी, अशोक कुमार त्रिवेदी, सुरेश चंद्र तिवारी, अनोज कुमार पटेल, राकेश कुमार कुशवाहा, सैयद जावेद हुसैन, संजय कुशवाहा, आदित्य कुमार अग्निहोत्री, सत्यम तिवारी, अमित कुमार सिंह, हेमंत नरेंद्र यादव, शालिनी शुक्ला और ईश सोनकर समेत बड़ी संख्या में वरिष्ठ एवं कनिष्ठ अधिवक्ता मौजूद रहे।

एक ही दिन दिखा विरोध और हिंदी के प्रति सम्मान

बुधवार को कानपुर में अधिवक्ताओं के दो अलग-अलग कार्यक्रम देखने को मिले। एक ओर प्रांतीय अधिवक्ता सम्मेलन के निर्णय के तहत सामूहिक अवकाश और मानव श्रृंखला के जरिए विरोध दर्ज कराया गया, वहीं दूसरी ओर हिंदी विधि प्रतिष्ठान, बार एसोसिएशन और लॉयर्स एसोसिएशन की ओर से हिंदी पखवाड़ा समापन समारोह आयोजित किया गया।

दोनों कार्यक्रमों में अधिवक्ताओं की बड़ी भागीदारी रही। कानपुर बार एसोसिएशन और लॉयर्स एसोसिएशन की ओर से जारी पत्र में कार्यक्रम से जुड़ी पूरी जानकारी दी गई है।

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