चीन में एससीओ समिट: राजनाथ सिंह की रूस, बेलारूस और चीन के रक्षा मंत्रियों से अहम मुलाकात
छह साल बाद फिर खुलेगा कैलाश मानसरोवर यात्रा का रास्ता
Central News Desk: चीन के चिंगदाओ शहर में आयोजित शंघाई सहयोग संगठन (SCO) के रक्षा मंत्रियों की बैठक में भारत के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने रूस, बेलारूस और चीन के अपने समकक्षों से द्विपक्षीय मुलाकातें कीं। इन बैठकों के दौरान रक्षा सहयोग, क्षेत्रीय सुरक्षा और साझा रणनीतिक हितों पर चर्चा हुई।
राजनाथ सिंह ने सबसे पहले रूस के रक्षा मंत्री आंद्रेई बेलौसोव से मुलाकात की। दोनों नेताओं ने रक्षा के क्षेत्र में भारत-रूस के दीर्घकालिक और व्यापक सहयोग को और मजबूत करने की प्रतिबद्धता जताई। भारत-रूस के बीच यह सहयोग IRIGC-M&MTC तंत्र के अंतर्गत वर्षों से चलता आ रहा है।

बेलारूस और चीन के साथ भी बातचीत, बनी नई सहमतियां
इसके बाद रक्षा मंत्री ने बेलारूस के रक्षा मंत्री लेफ्टिनेंट जनरल विक्टर ख्रेनिन से मुलाकात की। इस द्विपक्षीय वार्ता में भी क्षेत्रीय चुनौतियों और सुरक्षा खतरों को लेकर बातचीत हुई और रक्षा सहयोग को और आगे बढ़ाने पर सहमति बनी। राजनाथ सिंह ने इस मुलाकात को ‘रचनात्मक’ बताया।
सबसे अहम मुलाकात चीन के रक्षा मंत्री एडमिरल डॉन जून से रही। इस दौरान दोनों नेताओं ने द्विपक्षीय संबंधों के विभिन्न पहलुओं पर रचनात्मक और दूरदर्शी विचारों का आदान-प्रदान किया। इस बातचीत का सबसे बड़ा परिणाम यह रहा कि करीब छह वर्षों के अंतराल के बाद कैलाश मानसरोवर यात्रा को फिर से शुरू करने पर दोनों देशों के बीच सहमति बन गई है।
राजनाथ सिंह ने सोशल मीडिया पर जानकारी देते हुए लिखा कि कैलाश मानसरोवर यात्रा की बहाली पर चीन के साथ सकारात्मक बातचीत हुई है। यह फैसला दोनों देशों के बीच धार्मिक और सांस्कृतिक संबंधों को नया आयाम देगा।
