पंजाब-हिमाचल में तबाही: PM मोदी करेंगे हवाई सर्वेक्षण, 4,000 करोड़ का नुकसान और सैकड़ों मौतें
Central News Desk: मानसून का कहर इस बार पंजाब और हिमाचल प्रदेश पर भारी पड़ा है। पंजाब में लगभग सभी 23 जिले बाढ़ से प्रभावित हैं। लाखों हेक्टेयर फसल बर्बाद हो गई है और अब तक 43 से अधिक लोगों की मौत हो चुकी है। उफनती नदियों ने सैकड़ों गांवों को जलमग्न कर दिया है। हालात इतने गंभीर हैं कि केंद्र सरकार की दो विशेष टीमें नुकसान का आकलन कर चुकी हैं और जल्द ही रिपोर्ट सौंपेंगी।

उधर हिमाचल प्रदेश में बादल फटने, भूस्खलन और अचानक आई बाढ़ से 20 जून से 7 सितंबर तक लगभग 4,080 करोड़ रुपये का नुकसान हो चुका है। राज्य आपातकालीन संचालन केंद्र (SEOC) के अनुसार, अब तक 366 लोगों की मौत हो चुकी है, जबकि 41 लोग अब भी लापता हैं। इस दौरान 6,247 घर और 460 दुकानें या कारखाने पूरी तरह या आंशिक रूप से क्षतिग्रस्त हुए हैं।
PM मोदी का दौरा
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 9 सितंबर को पंजाब और हिमाचल के बाढ़ प्रभावित इलाकों का हवाई सर्वेक्षण करेंगे। वे गुरदासपुर (पंजाब) और चंबा, मंडी व कुल्लू (हिमाचल) जिलों की स्थिति का जायजा लेंगे। पंजाब भाजपा अध्यक्ष सुनील जाखड़ ने कहा कि पीएम मोदी हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और लोगों को अधिकतम राहत पहुंचाने के लिए सीधे ग्राउंड रियलिटी समझना चाहते हैं।

हिमाचल में तबाही का पैमाना
- 135 बड़े भूस्खलन
- 95 अचानक बाढ़ की घटनाएं
- 45 बार बादल फटना
- 826 सड़कें बंद, जिनमें NH-3 और NH-305 जैसे राष्ट्रीय राजमार्ग शामिल
- 1,480 ट्रांसफार्मर और 336 जल आपूर्ति योजनाएं प्रभावित
शिमला-थियोग मार्ग, जो सेब परिवहन के लिए बेहद अहम है, भूस्खलन के कारण बंद पड़ा है। सेब से लदे ट्रक और वाहन रास्तों में फंसे हुए हैं। औसतन 948.5 मिमी बारिश दर्ज की गई है, जो सामान्य से 45% अधिक है।
केंद्र सरकार की भूमिका
केंद्रीय कृषि मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने पहले ही पंजाब के प्रभावित क्षेत्रों का दौरा कर हरसंभव मदद का आश्वासन दिया था। अब पीएम मोदी का दौरा उम्मीद जगाता है कि राहत और पुनर्वास के लिए अतिरिक्त फंड जारी किया जाएगा।
Avneesh Mishra is a young and energetic journalist. He keeps a keen eye on sports, politics and foreign affairs. Avneesh has done Post Graduate Diploma in TV Journalism.
