महिला विश्व कप 2025: ऋचा घोष बनीं ‘छक्कों की रानी’, एक संस्करण में सर्वाधिक छक्के लगाने वाली भारतीय बल्लेबाज

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SPORT NEWS DESK: भारतीय महिला क्रिकेट टीम की युवा बल्लेबाज ऋचा घोष ने महिला विश्व कप 2025 के फाइनल मुकाबले में शानदार बल्लेबाजी करते हुए बड़ा रिकॉर्ड अपने नाम किया। दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ खेले गए खिताबी मुकाबले में ऋचा ने 24 गेंदों पर 34 रनों की पारी खेली, जिसमें तीन चौके और दो छक्के शामिल रहे। इस पारी के साथ ही ऋचा घोष महिला विश्व कप के एक संस्करण में सबसे ज्यादा छक्के लगाने वाली भारतीय बल्लेबाज बन गई हैं।

हरमनप्रीत का रिकॉर्ड टूटा

ऋचा घोष ने यह उपलब्धि हासिल करते हुए भारतीय कप्तान हरमनप्रीत कौर का रिकॉर्ड तोड़ दिया। हरमनप्रीत ने 2017 विश्व कप में 11 छक्के लगाए थे, जबकि ऋचा ने मौजूदा संस्करण में 12 छक्के जड़कर नया इतिहास रच दिया।
इतना ही नहीं, ऋचा ने इस मामले में वेस्टइंडीज की ड्रियांड्रा डॉटिन की बराबरी कर ली है, जिन्होंने 2013 विश्व कप में इतने ही छक्के लगाए थे।

भारत का फाइनल में ऐतिहासिक स्कोर

दक्षिण अफ्रीका के खिलाफ फाइनल मुकाबले में भारत ने 298/7 रन का विशाल स्कोर खड़ा किया, जो महिला वनडे विश्व कप फाइनल के इतिहास में दूसरा सबसे बड़ा स्कोर है।
यह किसी भी विश्व कप फाइनल में भारत का अब तक का सबसे बड़ा स्कोर है।
टीम इंडिया की इस कामयाबी में शेफाली वर्मा, स्मृति मंधाना, दीप्ति शर्मा और ऋचा घोष की पारियों का अहम योगदान रहा।

डेथ ओवर्स में ऋचा का दबदबा

ऋचा घोष ने टूर्नामेंट में आखिरी नौ ओवर (41 से 50) के बीच सबसे ज्यादा रन बनाए हैं। उन्होंने इस दौरान 165.17 के स्ट्राइक रेट से 185 रन जुटाए, जबकि दक्षिण अफ्रीका की नादिने डी क्लर्क ने 119 रन और जेमिमा रोड्रिग्स ने 110 रन बनाए। ऋचा का यह प्रदर्शन दर्शाता है कि वह अब भारत की सबसे भरोसेमंद ‘फिनिशर’ बन चुकी हैं.

टीम इंडिया की नई पावर हिटर

ऋचा घोष ने महिला विश्व कप 2025 में अपने दमदार छक्कों और तेजतर्रार बल्लेबाजी से खुद को टीम इंडिया की नई पावर हिटर के रूप में स्थापित कर लिया है। उनकी यह उपलब्धि भारतीय महिला क्रिकेट के लिए एक नई दिशा दिखाती है।

फाइनल मुकाबले में उनकी विस्फोटक पारी ने भारत को सम्मानजनक स्कोर तक पहुंचाने में बड़ी भूमिका निभाई। ऋचा की यह पारी भारतीय क्रिकेट इतिहास में लंबे समय तक याद रखी जाएगी।

ऋचा घोष की यह उपलब्धि इस बात का प्रमाण है कि भारतीय महिला क्रिकेट अब सिर्फ तकनीक ही नहीं, बल्कि ताकत और आत्मविश्वास के दम पर भी दुनिया से मुकाबला कर रहा है।

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