दुलारचंद के मर्डर से अनंत की गिरफ्तारी तक — मोकामा हत्याकांड की पूरी कहानी
Bihar News Desk: बिहार की राजनीति एक बार फिर हिल गई है. मोकामा विधानसभा क्षेत्र में जन सुराज पार्टी से जुड़े और पूर्व आरजेडी नेता दुलारचंद यादव की हत्या ने पूरे राज्य में सनसनी फैला दी है. यह घटना न केवल चुनावी माहौल को गर्म कर गई, बल्कि बाहुबली राजनीति की पुरानी छवि को भी फिर से सामने ले आई है.
दुलारचंद यादव कभी लालू प्रसाद यादव के करीबी माने जाते थे. वे पहले आरजेडी में थे, लेकिन हाल में उन्होंने जन सुराज पार्टी का समर्थन किया था. घटना के दिन वे जन सुराज प्रत्याशी प्रियदर्शी पीयूष के साथ चुनाव प्रचार में निकले थे.
गुरुवार दोपहर — टकराव की शुरुआत
बिहार की राजनीति एक बार फिर हिल गई है. मोकामा विधानसभा क्षेत्र में जन सुराज पार्टी से जुड़े और पूर्व आरजेडी नेता दुलारचंद यादव की हत्या ने पूरे राज्य में सनसनी फैला दी है. यह घटना न केवल चुनावी माहौल को गर्म कर गई, बल्कि बाहुबली राजनीति की पुरानी छवि को भी फिर से सामने ले आई है.
दुलारचंद यादव कभी लालू प्रसाद यादव के करीबी माने जाते थे. वे पहले आरजेडी में थे, लेकिन हाल में उन्होंने जन सुराज पार्टी का समर्थन किया था. घटना के दिन वे जन सुराज प्रत्याशी प्रियदर्शी पीयूष के साथ चुनाव प्रचार में निकले थे.
1:00 बजे — हिंसा भड़की, चली गोलियां
करीब 1:00 बजे झड़प ने उग्र रूप ले लिया. लाठी-डंडे चले, पत्थरबाजी हुई और गोलीबारी शुरू हो गई. गवाहों का कहना है कि दुलारचंद को पहले गोली लगी, फिर उन पर हमला किया गया.
1:30 बजे — SSP की प्रेस कॉन्फ्रेंस
पटना SSP ने बताया कि घटना के समय अनंत सिंह मौजूद थे. इसके बाद केस की जांच CID को सौंप दी गई.
1:10–1:15 बजे — गाड़ी से कुचले गए दुलारचंद यादव
गोली लगने के बाद जब दुलारचंद जमीन पर गिरे, तभी एक वाहन ने उन्हें कुचल दिया. पोस्टमार्टम रिपोर्ट में यह बात सामने आई कि उनकी मौत पसलियों के टूटने और फेफड़ों के फटने से हुई. टखने में गोली का निशान भी पाया गया.
1:30 से 4:00 बजे — इलाके में तनाव
घटना के बाद ग्रामीणों ने शव उठाने से इनकार कर दिया और दोषियों की गिरफ्तारी की मांग पर अड़े रहे. पुलिस को घटनास्थल तक पहुंचने में लगभग तीन घंटे लग गए.
4:30 बजे — पुलिस और फोरेंसिक टीम की एंट्री
पुलिस ने मौके से गोलियों के खोखे, लाठी-डंडे और गाड़ियों के टायरों के निशान बरामद किए. एफआईआर दर्ज करने की प्रक्रिया शुरू हुई.
शनिवार रात — अनंत सिंह की गिरफ्तारी
1 नवंबर की रात 11:10 बजे, पटना SSP कार्तिकेय शर्मा ने बाढ़ के कारगिल मार्केट में छापेमारी कर बाहुबली अनंत सिंह को हिरासत में ले लिया.
रात 1:00–2:00 बजे के बीच अनंत सिंह को पटना लाया गया. उनके दो सहयोगियों को भी गिरफ्तार किया गया. अब तक 80 लोगों को पूछताछ के लिए हिरासत में लिया जा चुका है.
अब तक की कार्रवाई
- हत्याकांड में अनंत सिंह समेत दो लोगों की गिरफ्तारी हुई है.
- कुल चार एफआईआर दर्ज की गई हैं और 80 लोगों को हिरासत में लिया गया है.
- निर्वाचन आयोग ने चार अधिकारियों को निलंबित किया है.
- पटना ग्रामीण के एसपी विक्रम सिहाग और बाढ़ के तीन अफसरों को हटा दिया गया.
- आशीष कुमार को बाढ़ का नया एसडीओ नियुक्त किया गया है.
मोकामा का यह हत्याकांड सिर्फ एक हत्या नहीं, बल्कि बिहार की राजनीति में बाहुबल और सियासत के खतरनाक गठजोड़ की फिर से झलक दिखाता है. आने वाले दिनों में यह केस बिहार चुनावी समीकरणों पर गहरा असर डाल सकता है.
news Journalist
