कानपुर : 5 सितंबर को निकलेगा एशिया का सबसे बड़ा जुलूस-ए-मुहम्मदी
Central News Desk: शहर में 5 सितंबर 2025 को एशिया का सबसे बड़ा और ऐतिहासिक जुलूस-ए-मुहम्मदी निकलेगा। यह जुलूस पैगम्बर हजरत मुहम्मद के जन्मदिन (यौम-ए-विलादत) के मौके पर आयोजित किया जाता है। इसकी शुरुआत 1913 में हुई थी और तब से लेकर अब तक हर साल यह परंपरा जारी है। इस बार यह जुलूस 78वीं बार जमीअत उलमा कानपुर की कयादत में निकलेगा।
रजबी ग्राउंड से होगा आगाज
जानकारी के मुताबिक, जुलूस की शुरुआत रजबी ग्राउंड से दोपहर 2 बजे होगी। हजारों की तादाद में लोग अनुशासन और भाईचारे के साथ इसमें शामिल होंगे। पूरे मार्ग पर धार्मिक झांकियां, नात-ए-पाक की महफिलें और सामाजिक संदेशों से सजी सजावट देखने को मिलेगी।

अमन और मोहब्बत का पैगाम
जुलूस-ए-मुहम्मदी हमेशा से हिंदू-मुस्लिम एकता और सांप्रदायिक सौहार्द का प्रतीक रहा है। इसमें विभिन्न धर्मों के लोग शामिल होकर मोहब्बत और अमन का संदेश देते हैं। आयोजकों का कहना है कि यह जुलूस केवल धार्मिक महत्व का ही नहीं, बल्कि सामाजिक सौहार्द की मिसाल भी है।
सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम
जुलूस को देखते हुए प्रशासन ने सुरक्षा के कड़े इंतजाम किए हैं। पुलिस और प्रशासन के अधिकारी लगातार रूट मैप की समीक्षा कर रहे हैं। CCTV कैमरों की निगरानी और पैदल पुलिस बल की तैनाती भी की जाएगी ताकि कार्यक्रम शांति और अनुशासन के साथ संपन्न हो सके।
आयोजकों की अपील
जमीअत उलमा के पदाधिकारियों ने लोगों से अपील की है कि वे अनुशासन और भाईचारे के साथ शामिल हों और पैगम्बर के जन्मदिन पर शहर में अमन का पैगाम फैलाएं।
Avneesh Mishra is a young and energetic journalist. He keeps a keen eye on sports, politics and foreign affairs. Avneesh has done Post Graduate Diploma in TV Journalism.
